कनाडा को बड़ी रहत, 2 महीने की रोक के बाद नागरिकों के लिए भारत ने शुरू की वीजा सर्विस

भारत और कनाडा के रिश्तों पर जमी बर्फ पिघलती हुई नजर आ रही है। भारत ने बुधवार को कनाडाई नागरिकों के लिए ई-वीजा सेवाएं फिर से शुरू कर दीं। समाचार एजेंसी एएनआई ने सूत्रों के हवाले से इसकी जानकारी दी है।

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न्यूज़लिंक हिंदी। भारत और कनाडा के रिश्तों पर जमी बर्फ पिघलती हुई नजर आ रही है। भारत ने बुधवार को कनाडाई नागरिकों के लिए ई-वीजा सेवाएं फिर से शुरू कर दीं। समाचार एजेंसी एएनआई ने सूत्रों के हवाले से इसकी जानकारी दी है। लगभग दो महीने के विराम के बाद भारत सरकार ने कनाडाई नागरिकों के लिए इलेक्ट्रॉनिक वीजा सेवाएं फिर से शुरू कर दी हैं।

इससे पहले सितंबर में भारत और कनाडा के बीच बढ़े तनाव और दोनों देशों से राजनयिक निष्कासन के मद्देनजर ‘परिचालन कारणों’ का हवाला देते हुए भारत ने कनाडा में अपनी वीजा सेवा निलंबित कर दी थी। ऐसे में एक बार फिर से वीजा सर्विस बहाल होने के बाद कनाडाई नागरिक भारत की यात्रा कर पाएंगे।

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दरअसल, कनाडा ने सितंबर में खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या का आरोप भारतीय एजेंट्स पर लगाया था। इस वजह से दोनों देशों के संबंध काफी खराब हो गए। कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिस ट्रूडो ने संसद में कहा था कि कनाडाई नागरिक निज्जर की जून में ब्रिटिश कोलंबिया प्रांत के सरे शहर में गुरुद्वारे के बाहर हुई हत्या को भारतीय एजेंट्स ने अंजाम दिया था। इसके बाद 21 सितंबर को भारत ने कनाडाई नागरिकों के लिए ई-वीजा सर्विस पर रोक लगा दी।

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भारत ने हत्या में हाथ होने से किया इनकार
भारत सरकार ने ट्रूडो के आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया था। भारत ने कनाडाई प्रधानमंत्री के आरोपों को बेतुका और राजनीति से प्रेरित बताया था। नई दिल्ली ने कहा था कि अगर कनाडा को सच में लगता है कि निज्जर की हत्या में भारत का हाथ है, तो उसे अपने इस दावे को साबित करने के लिए सबूत पेश करने चाहिए। इस घटना के बाद से ही दोनों देशों के संबंध बिगड़ गए। भारत-कनाडा दोनों ने ही अपने-अपने देश से कई सारे राजनयिकों को जाने को भी कह दिया।

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