Mathura News: 22 जनवरी को विराजेंगे हमारे आराध्य, साध्वी ऋतंभरा बोलीं- रामलला हम आएंगे मंदिर वहीं बनाएंगे

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न्यूज लिंक हिंदी मथुरा। 22 जनवरी 2024 को हमारे राम लला अयोध्या में बना रहे नवनिर्मित मंदिर के गर्भ ग्रह में विराजमान होंगे। हम सनातनियों के लिए इससे बड़ा उत्सव और कुछ नहीं हो सकता है। ये बातें श्रीधाम वृंदावन के परिक्रमा मार्ग स्थित कुंभ मेला क्षेत्र में चल रहे 108 कुंडीय श्री लक्ष्मी नारायण महायज्ञ एवं श्रीमद् भागवत सप्ताह ज्ञान यज्ञ में मुख्य अतिथि के रूप में पधारी साध्वी ऋतंभरा ने बोलते हुए कहीं।

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उन्होंने कहा कि स्वामी भरतदासाचार्य महाराज के सानिध्य में चल रहे इस महायज्ञ एवं श्रीमद् भागवत सप्ताह ज्ञान यज्ञ सुनने और सुनाने वाले दोनों के लिए अति पुण्य दायीं हैं। हम सनातनियों के बच्चे एक तुलसी के पौधे के समान हैं जिन्हें पूजा, पाठ धर्म आदि के पानी से सीखने की अत्यंत आवश्यकता है। यही हमारे देश का भविष्य है इसलिए इनके अंदर हमें सनातन धर्म के सभी गुणों को डालना अत्यंत आवश्यक है।

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व्यास पीठ से डॉ स्वामी राघवाचार्य महाराज के द्वारा भागवत रूपी अमृत वर्षा की जा रही है उसका रसपान करने वाले आप सभी भक्त जो कि देश के कोने कोने से आए हैं वे सभी अत्यंत भाग्यशाली हैं। जिन्हें यमुना जी के पावन तट पर कुंभ मेला क्षेत्र में यह दिव्य भागवत कथा सुनने का मौका मिल रहा है। श्रीमद् भागवत सप्ताह ज्ञान यज्ञ के पांचवें दिन आज श्रीमद् भागवत जी की आरती एवं विश्व कल्याण की कामना के साथ कथा का प्रारंभ हुआ। महाराज श्री ने गोवर्धन लीला का विस्तार पूर्वक वर्णन करते हुए इंद्र के मान मर्दन के साथ श्री गिरिराज जी की विशेषताओं पर विस्तार पूर्वक वर्णन किया।

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कलयुग में साक्षात देवता के रूप में श्री गिरिराज जी महाराज हमारे सामने विराजमान है। यह सभी दुखों का नाश करने वाले श्री कृष्ण के रूप में साक्षात विराजमान है। श्री गोवर्धन महाराज तेरे माथे मुकुट विराज रहो भजन पर भक्त नाचते थिरकते नजर आये। कथा में मुख्य रूप से जगदीश काबरा, मंजू काबरा, अर्पित काबरा, अवनी काबरा, सुभाष काबरा, सतीश मित्तल, बाबूलाल मोहता, महेश खंडेलवाल, दीनानाथ शर्मा, पवन मित्तल, संजय चंद्रा, हीरालाल दमानी, गुलाबचंद पारीक एवं रवि गोलयान आदि उपस्थित रहे।

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