न्यूज़लिंक हिंदी। तूफान का सबसे ज्यादा असर आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में हुआ। दोनों राज्यों में 100 से ज्यादा ट्रेनें और 50 से ज्यादा फ्लाइट्स कैंसिल कर दी गई हैं। आंध्र प्रदेश के कोस्टल एरिया से NDRF की 29 और SDRF की टीम ने 9500 लोगों को सुरक्षित ठिकानों पर पहुंचाया।
तमिलनाडु के मुख्य सचिव ने बताया कि तूफान की वजह से राज्य में 2 दिनों के भीतर 3 महीने की बारिश हो गई। चेन्नई शहर बारिश की वजह से डूब गया था। इसके कारण 12 लोगों की मौत हो चुकी है।
तमिलनाडु: मिचौंग तूफान का असर तमिलनाडु पर सबसे ज्यादा रहा। 3 दिसंबर सुबह से अब तक चेन्नई में करीब 400-500 मिलीमीटर बारिश हो चुकी है। तमिलनाडु के वाटर सप्लाई मिनिस्टर के मुताबिक, शहर में 70-80 साल में पहली बार ऐसी बारिश हुई है। राज्य में NDRF की 7 टीमें तैनात की गई हैं। इसके अलावा कोस्टल रीजन में रेड अलर्ट जारी किया गया है।
ओडिशा: ओडिशा के कई जिलों में हल्की बारिश हो रही है। मौसम विभाग ने 6 दिसंबर तक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।मलकानगिरी, कोरापुट, रायगड़ा, गजपति और गंजाम जिलों में 4 और 5 दिसंबर के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।

