न्यूज़लिंक हिंदी। फर्जी आधार कार्ड से इरफान के हवाई यात्रा करने के मामले में आरोपी नूरी शौकत, अशरफ अली व इशरत अली की रिवीजन याचिका पर बुधवार को एमपीएमएलए सेशन कोर्ट में सुनवाई हुई। तीनों आरोपियों की ओर से कोई सबूत न होने की बात कहते हुए उन पर आरोप तय न किए जाने की मांग की गई। इसी याचिका पर सेशन कोर्ट में बहस हुई।
इरफान का टिकट नूरी शौकत की ई-मेल से अशरफ के नाम पर बुक किया गया। इंडिगो एयरलाइंस की यात्री रिपोर्ट में अशरफ नाम के यात्री का जिक्र है, जबकि सीसीटीवी फुटेज में इरफान सोलंकी जाते दिखाई दे रहे हैं।
वहीं, अभियोजन की ओर से पर्याप्त साक्ष्य होने का तर्क देते हुए याचिका खारिज करने की बात कही गई। दोनों पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने आदेश के लिए 19 दिसंबर की तारीख तय कर दी है। नूरी शौकत, अशरफ व इशरत की ओर से अधिवक्ता रवींद्र वर्मा ने तर्क रखा कि इरफान द्वारा फर्जी आधार कार्ड से यात्रा की बात कही जा रही है।
लेकिन आधार कार्ड किस कंप्यूटर से बना, किस प्रिंटर से प्रिंट निकाला गया और किस व्यक्ति ने बनाया इसका कोई अता-पता नहीं है। आगजनी मामले की रिपोर्ट आठ नवंबर को दर्ज हुई। पुलिस ने गिरफ्तारी वारंट 16 नवंबर को लिया जबकि यात्रा 11 नवंबर को की गई। सिर्फ एफआईआर होने से यात्रा पर रोक नहीं लग जाती।
इरफान सोलंकी सीसीटीवी फुटेज में नज़र आये
अगर इरफान ने अशरफ के आधार कार्ड से यात्रा की तो उसके लिए अशरफ को आरोपी नहीं बनाया जा सकता। वहीं, एडीजीसी भास्कर मिश्रा ने कहा कि इरफान का टिकट नूरी शौकत की ई-मेल से अशरफ के नाम पर बुक किया गया। इंडिगो एयरलाइंस की यात्री रिपोर्ट में अशरफ नाम के यात्री का जिक्र है, जबकि सीसीटीवी फुटेज में इरफान सोलंकी जाते दिखाई दे रहे हैं।
कोर्ट ने 19 दिसंबर की तारीख नियत कर दिया हैं
इरफान ने अशरफ के आधार कार्ड पर अपनी फोटो लगाकर यात्रा की। इससे साफ है कि अशरफ व नूरी की मदद से इरफान ने फर्जी आधार कार्ड के जरिए हवाई यात्रा की। तीनों के खिलाफ फाइल में पर्याप्त साक्ष्य हैं। इन पर आरोप तय करके मुकदमा चलाया जाना चाहिए। दोनों पक्षों को सुनने के बाद कोर्ट ने आदेश के लिए 19 दिसंबर की तारीख मुकर्रर कर दी है।

