राहुल गांधी की सदस्यता बहाली के खिलाफ दायर याचिका सुप्रीम कोर्ट में खारिज, कोर्ट ने एक लाख का जुर्माना लगाया

कांग्रेस नेता राहुल गांधी की लोकसभा सदस्यता बहाली के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की गई थी, जिसे खारिज कर दिया गया है। 'मोदी सरनेम' को लेकर की गई विवादित टिप्पणी मामले में राहुल को सूरत की एक अदालत ने दोषी पाए था,

0
245

न्यूज़लिंक हिंदी। कांग्रेस नेता राहुल गांधी की लोकसभा सदस्यता बहाली के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की गई थी, जिसे खारिज कर दिया गया है। ‘मोदी सरनेम’ को लेकर की गई विवादित टिप्पणी मामले में राहुल को सूरत की एक अदालत ने दोषी पाए था, जिसके चलते उनकी सदस्यता चली गई थी। हालांकि सुप्रीम कोर्ट ने पिछले साल अगस्त में निचली अदालत के फैसले पर रोक लगाया, जिससे राहुल की सदस्यता फिर से बहाल हो गई। सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ता पर एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। दरअसल याचिका में 7 अगस्त 2023 को लोकसभा सचिवालय द्वारा जारी किए गए उस नोटिफिकेशन को खारिज करने की मांग की थी, जिसके जरिए राहुल गांधी की संसद सदस्यता बहाल की गई थी।

ये भी पढ़े: Bilkis Bano Case: बिलकिस बानो के दोषियों को सुप्रीम कोर्ट से झटका, 21 जनवरी तक करना होगा सरेंडर

याचिका में मांग की गई थी कि सुप्रीम कोर्ट ने सिर्फ राहुल गांधी की दोषसिद्धि पर रोक लगाई। राहुल गांधी को अभी तक आरोपों से बरी नहीं किया गया है। ऐसे में उनकी संसद सदस्यता बहाल करने वाले नोटिफिकेशन को खारिज किया जाए। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने कड़ी नाराजगी जताई। याचिका पर सुनवाई करते हुए जस्टिस बी आर गवई और जस्टिस संदीप मेहता की पीठ ने कहा कि ऐसी याचिका दायर होने से ना सिर्फ अदालत बल्कि रजिस्ट्री विभाग का भी कीमती समय बर्बाद होता है। इसके बाद अदालत ने याचिकाकर्ता पर एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया।

ये भी पढ़े: ‘जय श्री राम’ लिखकर नयनतारा ने मांगी माफी, फिल्म अन्नापूर्णी के जरिए भगवान श्री राम का अपमान करने का आरोप

दरअसल मोदी सरनेम को लेकर की गई टिप्पणी के चलते राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि का मामला दर्ज कराया गया था। इस मामले में गुजरात की अदालत ने राहुल गांधी को दोषी ठहराते हुए दो साल जेल की सजा सुनाई। सजा के चलते राहुल गांधी को संसद सदस्यता से अयोग्य ठहरा दिया गया। इसके खिलाफ राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया, जहां सुप्रीम कोर्ट ने राहुल गांधी की दोषसिद्धि पर रोक लगा दी थी। जिसके बाद लोकसभा सचिवालय ने राहुल गांधी की संसद सदस्यता बहाल करने का नोटिफिकेशन जारी कर राहुल गांधी की संसद सदस्यता बहाल कर दी थी। लोकसभा सचिवालय के इसी नोटिफिकेशन के खिलाफ लखनऊ के वकील अशोक पांडेय ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here