न्यूज़लिंक हिंदी। जब बुधवार को घोषित लोकसभा चुनाव के नतीजों में BJP को बहुमत से 32 सीटें कम मिली हैं, जिससे वह अकेले सरकार नहीं बना सकती। जेडीयू प्रवक्ता केसी त्यागी ने कहा कि कुछ मतदाता अग्निवीर योजना से नाराज हैं।
हमारी पार्टी चाहती है कि जनता द्वारा उठाए गए सवालों पर विस्तार से चर्चा हो और योजना की कमियों को दूर किया जाए। मिली जानकारी के अनुसार त्यागी ने ये भी कहा कि उनकी पार्टी समान नागरिक संहिता (UCC) के खिलाफ नहीं है। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने यूसीसी के बारे में विधि आयोग के प्रमुख को पत्र लिखा था।
हम इसके खिलाफ नहीं हैं, लेकिन सभी संबंधित पक्षों से बात करके समाधान निकाला जाना चाहिए। हालांकि जेडीयू ने जाति आधारित जनगणना के लिए अपना समर्थन दोहराया और बिहार को स्पेशल दर्जा देने की भी मांग की।
त्यागी ने ये भी कहा, देश में किसी भी पार्टी ने जाति आधारित जनगणना को ना नहीं कहा है। बिहार ने रास्ता दिखाया है। प्रधानमंत्री ने भी सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल में इसका विरोध नहीं किया।
जाति आधारित जनगणना समय की मांग है। हम इसे आगे बढ़ाएंगे। उन्होंने यह भी कहा कि कोई पूर्व शर्त नहीं है। बिना शर्त समर्थन है। लेकिन बिहार को विशेष राज्य का दर्जा दिया जाना हमारे दिल में है।
इंडिया ब्लॉक ने अपने चुनावी वादे में अग्निवीर योजना की निंदा की और चुनाव जीतने पर इसे खत्म करने का वादा किया। इस महीने की शुरुआत में, कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को पत्र लिखकर अग्निपथ योजना में हस्तक्षेप करने का आग्रह किया ताकि मृतक सैनिकों के परिवारों को दिए जाने वाले लाभों में भेदभाव को दूर किया जा सके।

