बिना डॉक्टर के ही चल रहे आठ स्वास्थ्य केंद्र, सरकारी अस्पतालों में बेहतर चिकित्सकीय सेवाएं देने के दावे दम तोड़ रहे हैं।
शहरी क्षेत्र के आठ स्वास्थ्य केंद्र बिना डॉक्टरों के संचालित हो रहे हैं। और पीजी में चयन होने पर इन केंद्रों के डॉक्टर त्यागपत्र दे दिया है। जल्द दो से तीन केंद्रों से भी डॉक्टर नदारद नजर आएंगे।
इसके साथ ही विभागीय अधिकारियों के अनुसार शहर में कुल 52 स्वास्थ्य केंद्रों का संचालन हो रहा है, जिसमें 26 नगरीय स्वास्थ्य और 26 ही आयुष्मान आरोग्य मंदिर शामिल हैं।
इनमें शामिल आठ केंद्रों पर तैनात डॉक्टरों ने त्याग पत्र दे दिया है, जिससे मरीजों का इलाज प्रभावित हो रहा है। इन केंद्रों में बानखाना, बाकरगंज, नंदौसी, आंवला, गंगापुर,बिहारमान नगला, सिविल लाइंस और जाटवपुरा भी शामिल हैं।
दरअसल, लंबे समय से शासन की ओर से डॉक्टरों के स्थाई पदों पर भर्ती भी नहीं की गई है। इस कमी को पूरा करने के लिए विभाग वॉक इन इंटरव्यू कर संविदा पर डॉक्टरों की भर्ती कर रहा है, लेकिन इन डॉक्टरों को पीजी में चयन होने पर डॉक्टर फौरन विभाग को त्याग पत्र दे रहे हैं।
जिससे कई माह तक स्वास्थ्य केंद्र बिना डॉक्टरों के संचालित भी हो रहे हैं।और पीजी में चयन होने पर डॉक्टरों ने त्याग पत्र दिए हैं, हालांकि व्यवस्था प्रभावित न हो, इसके लिए जल्द ही संविदा पर डॉक्टरों भर्ती भी की जाएगी।