चीन ने भारत पर 50 प्रतिशत अमेरिकी टैरिफ़ का अब कड़ा विरोध किया है और टैरिफ़ को ‘अनुचित और गैर-तर्कसंगत’ क़रार दिया।
और फिर भारत में चीन के राजदूत शू फेइहोंग ने कहा कि नई दिल्ली और बीजिंग को आर्थिक संबंधों को और मज़बूत कर, मिलकर इस चुनौती का मुख्य रूप से सामना करना चाहिए।
और फिर शू फेइहोंग, जापान पर चीन की जीत की 80वीं वर्षगांठ के मौके पर सोमवार को आयोजित कार्यक्रम में भाषण देने के बाद पत्रकारों के सवालों का जवाब भी दे रहे थे।
साथ ही उन्होंने कहा कि अमेरिका टैरिफ़ को एक “हथियार” की तरह ही इस्तेमाल कर रहा है, जिससे विभिन्न देशों से “बेहद ऊंची कीमत” भी वसूली जा रही है।
और फिर उन्होंने कहा, ट्रेड वॉर की शुरुआत अमेरिका ने ही की। और अंतरराष्ट्रीय व्यापार को एक-दूसरे का पूरक ही होना चाहिए और पारस्परिक लाभकारी सहयोग की ही ओर ले जाना चाहिए।
साथ ही अमेरिका को लंबे समय तक मुक्त व्यापार से फायदा होता रहा है, लेकिन अब वह टैरिफ़ को एक हथियार या उपकरण की तरह ही इस्तेमाल कर रहा है।