आज से लाजपत भवन में, क्राफ्ट रूट प्रदर्शनी शुरू , गुजरात की पटोला साड़ी हो या शुद्ध देसी घी से बनी क्रीम।
या फिर बंगाल का जामदानी का काम…देश के कोने-कोने में समाई सांस्कृतिक और पारंपरिक हस्तकला का अनूठा संगम चार अक्तूबर से लाजपत भवन में देखने को मिलेगा।
और फिर यहां आठ अक्तूबर तक सुबह 10 से रात नौ बजे तक पांच दिवसीय क्राफ्ट रूट प्रदर्शनी आयोजित होगी। और फिर जिसका शुभारंभ राज्यपाल आनंदीबेन पटेल करेंगी।
और फिर शुक्रवार को आयोजित प्रेस वार्ता में ग्रामश्री संस्था की शाखा क्राफ्ट रूट्स की संस्थापक अनार बेन पटेल ने बताया कि प्रदर्शनी में 22 राज्यों के 100 से अधिक कारीगर 110 से अधिक क्राफ्ट का प्रदर्शन भी करेंगे।
और फिर इनमें ओडिशा के प्रसिद्ध पट्टचित्र, राजस्थान की लाख की चूड़ियां, उत्तर प्रदेश की कांच की कलाकृतियां, राजस्थान की मिनिएचर पेंटिंग्स समेत अनेक दुर्लभ और अनूठी कलाएं शामिल हैं।
और इसमें 50 से लेकर दो लाख रुपये तक के उत्पाद देखने को भी मिलेंगे। इसके साथ ही बड़ौदरा के एक गांव से आईं यशस्वी ने बताया कि इंटीरियर डिजाइन का कोर्स करने के बाद उन्होंने गांव की महिलाओं के लिए कुछ करने का सोचा।
और वह आर्गेनिक सौंदर्य उत्पाद पर काम भी कर रही हैं। नाइट क्रीम, हेयर ऑयल जैसे कई उत्पाद भी बना रही हैं।
और आगे उन्होंने बताया कि नाइट क्रीम की 30 ग्राम की 60 डिब्बियां बनाने के लिए गाय के दूध से तैयार देसी घी को करीब 10 हजार बार मथना भी पड़ता है।
और फिर इसके बाद जो क्रीम तैयार होती है वह शरीर की कई लेयर तक पहुंचती है। और 15 महिलाओं की टीम करीब 20 से अधिक प्रोडक्ट पर काम कर रही है।
बंगाल से आईं रीना पाल ने जामदानी और हुगली से आए राहुल ने मटका सिल्क के काम के बारे में भी बताया।