न्यूज़लिंक हिंदी। दीपोत्सव की तैयारी को लेकर अयोध्या की राम की पैड़ी पर दिये सजाने का काम शुरू हो चुका है। राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय और मरौचा गर्ल्स विश्वविद्यालय और भी कई विद्यालय के वालंटियर्स अयोध्या के 51 घाटों पर 24 लाख दिए सजाए जाएंगे। इनकी शुरुआत आज से शुरू कर दी गई है। राम की पैड़ी पर वालंटियर्स ने दिए सजाने का काम शुरू कर दिया है।

यूपी में योगी आदित्यनाथ के सीएम पद पर होने के बाद यह सांतवा है। दीपोत्सव इस बार यूपी के साथ कई प्रदेशों की संस्कृति की झलक दिखायेगा योगी सरकार धोबिया, फरुआही, राई, छाऊ लोकनृत्य को भी वैश्विक मंच दे रही है। 9 से 11 नवंबर तक भरत कुंड, गुप्तार घाट, बिड़ला धर्मशाला, रामघाट, रामकथा पार्क में भारतीय संस्कृति का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। इसके अलावा कुमार विशु के भजनों की गंगा भी बहेगी।
इस बार का दीपोत्सव कई मायनों में खास है न केवल विश्व रिकॉर्ड बल्कि ज़्यादा से ज़्यादा लोगों को जोड़ने की पहल भी इस दौरान की जाएगी। दीपोत्सव में विदेशी कलाकारों की रामलीला भी होगी जिसमें रूस, श्रीलंका, सिंगापुर और नेपाल के कलाकार रामलीला का मंचन करेंगे।
दीपोत्सव के दौरान सरयू की जलधारा में भव्य लेजर शो आकर्षण का केंद्र बना हुआ है जिसकी तैयारियां तकरीबन पूरी हो चुकी हैं. सरयू नदी के किनारे भव्य आयोजन है जहां पर यह लेजर लाइट कार्यक्रम की तैयारी की जा रही हैं सरयू नदी के तट को भी बहुत सुंदर तरीके से सजाया गया है सरयू नदी सटे पुल पर भी लाइटों की सुंदर माला बनाई गई है।
अयोध्या की 12 रामलीलाओं के कलाकारों को मंच मिलेगा तो वहीं सोनभद्र का आदिवासी नृत्य भी अलग छाप छोड़ेगा। आजमगढ़ के मुन्ना लाल व उनकी टीम धोबिया नृत्य, मथुरा के राजेश शर्मा व टीम मयूर नृत्य से मन मोहेगी। झांसी का राई नृत्य व राम-हनुमान सेना की झांकी भी आकर्षण बढ़ाएगी।
केरल के कथकली नृत्य से कुंजीरमन व सिक्किम के सिंधी छम नृत्य से शरद चंद्र सिंह परिचित कराएंगे। जम्मू कश्मीर के मनदीप रूफ नृत्य प्रस्तुत करेंगे। छत्तीसगढ़ का गैंडी नृत्य, गुजरात का गरबा, ओडिशा का दाल खाई, कर्नाटक का ढोलू कुनीथा, राजस्थान के कालबेलिया नृत्य से कलाकार भगवान राम के श्रीचरणों में अपनी हाजिरी लगाएंगे।

