न्यूज़लिंक हिंदी। यूपी के हाथरस में मंगलवार को एक बहुत ही बड़ा हादसा हो गया। यहां फुलराई गांव में साकार हरि बाबा का सत्संग चल रहा था।। सत्संग समाप्त होने के बाद यहां से जैसे भी भीड़ निकलना शुरू हुई तो अचानक से भगदड़ मच गई। कार्यक्रम में शामिल होने आए 121 लोगों की इस हादसे में मौत हो गई।
हाथरस हादसे को लेकर प्रियंका गांधी ने कहा, हाथरस, उत्तर प्रदेश में सत्संग के दौरान भगदड़ की वजह से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की मृत्यु एवं कई के घायल होने का समाचार हृदयविदारक है। ईश्वर दिवंगत आत्माओं को मुख्य रूप से शांति प्रदान करें। शोक-संतप्त परिजनों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करती हूं।
राज्य सरकार से मेरी अपील है कि पीड़ितों को उचित मुआवजा देने एवं घायलों के उपचार की व्यवस्था की जाए। सीएम ने कहा, इस कार्यक्रम में जो सज्जन अपना उपदेश देने आए थे उनकी कथा संपन्न होने के बाद, उनके मंच से उतरने के पर, उन्हें छूने के लिए महिलाओं का एक दल आगे बढ़ा तभी उनके पीछे एक भीड़ गई।
इसी दौरान वे एक-दूसरे के ऊपर चढ़ते गए। सेवादार भी लोगों को धक्का देते रहे जिसके कारण यह हादसा हुआ। इस पूरी घटनाक्रम के लिए ADG आगरा की अध्यक्षता में एक SIT गठित की गई है जिसने प्रारंभिक रिपोर्ट सौंपी है। कई पहलू हैं जिनपर जांच होना अब पूर्ण आवश्यक है।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि इस पूरे हादसे में 121 भक्तों की मौत हुई है। जो उत्तर प्रदेश के साथ साथ हरियाणा, राजस्थान और मध्यप्रदेश से भी जुड़े हुए थे। वहीं प्रदेश में हाथरस, बदायूं, कासगंज, अलीगढ़, एटा, ललितपुर, फैजाबाद, आगरा जनपद के लोग शामिल हैं।
हाथरस के जिला अस्पताल में कई लोगों का इलाज चल रहा है। इस घटना के चश्मदीद से बात की उन्होंने बताया कि हादसा कार्यक्रम के दौरान ही हुआ। इस कार्यक्रम में जो सज्जन अपना उपदेश देने आए थे और मंच से उतरने के बाद जीटी रोड के पास उनका काफिला आया तो उसे छूने की कोशिश में महिलाओं का एक काफिला आगे बढ़ा और लोग इस हादसे का शिकार हो गए।
इसका सबसे दुखद पहलू यह था कि जो सेवादार प्रशासन को भी अंदर नहीं जाने देते। ऐसे लोगों ने इस घटना को दबाने का जटिल प्रयास किया। इसकी जांच के लिए एडीजी आगरा की अगुवाई में एक कमेटी गठित की गई है। इस घटना की तह तक जाने के लिए उनसे कहा गया है। इस घटना में आयोजकों को भी पूछताछ के लिए भी बुलाया जाएगा। इस घटना की न्यायिक पूर्ण रूप से जांच होगी। दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

