संसद पहुंचा रणबीर कपूर की फिल्म एनिमल का विवाद, महिला MP बोलीं- मेरी बेटी थिएटर से रोते हुए निकली

बॉलीवुड एक्टर्स रणबीर कपूर और रश्मिका मंदाना की फिल्म एनिमल इन दिनों सुर्खियों में छाई हुई है। चारों तरफ इस फिल्म को लेकर चर्चा हो रही है।

0
163

न्यूज़लिंक हिंदी। बॉलीवुड एक्टर्स रणबीर कपूर और रश्मिका मंदाना की फिल्म एनिमल इन दिनों सुर्खियों में छाई हुई है। चारों तरफ इस फिल्म को लेकर चर्चा हो रही है। खासतौर से रणबीर कपूर की शानदार एक्टिंग और उनके लुक को काफी पसंद किया जा रहा है। हालांकि फिल्म में दिखाई गई हिंसा को लेकर कई लोगों ने नाराजगी जाहिर की है। फिल्म में वायलेंस को जिस तरीके से परोसा गया है, उसे लेकर डायरेक्टर संदीप वांगा पर आलोचनाओं के तीर छोड़े जा रहे हैं। वहीं ये मुद्दा संसद में भी उठाया गया। एक्शन, ड्रामा, क्राइम और इंटीमेसी से भरपूर इस फिल्म पर छत्तीसगढ़ कांग्रेस की MP रंजीत रंजन का बयान आया है। फिल्म पर सांसद ने अपनी राय रखी है।

फिल्म एनिमल में दिखाई गई भयानक हिंसा का मुद्दा राज्यसभा में उठाया गया। कांग्रेस नेता रंजीता रंजन राज्यसभा में कहा किफिल्म एनिमल में जिस तरह से हिंसा और खून खराबा दिखाया गया है, जिस तरह से महिलाओं के प्रति क्रूरता को दर्शाया गया है वो बेहद गलत है। उन्होंने कहा कि इस तरह की फिल्मों से हमारे समाज पर बुरा असर पड़ता है खासतौर से युवाओं पर।

ये भी पढ़े : Mizoram: CM पद की शपथ लेंगे लालदुहोमा, इतने मंत्रियों को कैबिनेट में मिलेगी जगह

कांग्रेस नेता को आया गुस्सा
कांग्रेस की MP ने कहा कि सिनेमा समाज का आईना होता है जिसे देखकर हम बड़े भी होते हैं और खासकर युवा वर्ग इसे देखकर काफी इन्फ्लूएंस भी होते हैं। मौजूदा दौर में ऐसी कई फिल्में रही हैं। पहले कबीर सिंह, पुष्पा और अब एनिमल। कांग्रेस नेता ने अपनी बेटी का किस्सा बताते हुए कहा कि मेरी बेटी जो सेकंड ईयर में पढ़ती है, अपने दोस्तों साथ फिल्म देखने गई थी। आधा फिल्म देखकर ही उसे रोना आ गया और वो हॉल से उठकर भाग खड़ी हुई।

हिंसा, वायलेंस और महिलाओं के साथ छेड़छाड़
रंजीत रंजन ने कहा कि जिस तरह से फिल्मों में हिंसा, वायलेंस और महिलाओं के साथ छेड़छाड़ दिखाया जा रहा है वो ठीक नहीं लगाता है। यह विषय बहुत काफी सोच विचार का है. 11वीं और 12वीं के बच्चों पर इन निगेटिव रोल का काफी असर पड़ता है। वो कई बार इसे मॉडल भी मानने लगते हैं। MP ने कहा कि पिक्चरों में हम देख रहे हैं इसी वजह से हमें समाज में हिंसा ऐसी देखने को मिल रही है।

ये भी पढ़े : मध्य प्रदेश,राजस्थान और छत्तीसगढ़ में सीएम पर बना सस्पेंस,पीएम मोदी खुद अमित शाह और जेपी नड्डा के साथ करेंगे मंथन

रंजन ने आगे कहा- ‘आखिर एक फिल्म में इतनी हिंसा क्यों? फिल्मों में महिलाओं के साथ हिंसा और अपमान को जस्टिफाई करना बिलकुल ठीक नहीं है। मुझे लगता है कि कबीर सिंह में शाहिद कपूर का किरदार जिस तरह अपनी प्रेमिका के साथ व्यवहार करता है और इस फिल्म का किरदार जिस तरह अपनी पत्नी के साथ व्यवहार करता है, उसे फिल्म में जस्टिफाई करते दिखाया गया है। जिस पर विचार करना बहुत ज्यादा जरूरी है।’

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here