जीएसटी परिषद ने अपनी 56वीं बैठक में सोने और चांदी पर जीएसटी दरों को वही रखने का मुख्य फैसला किया।
और फिर सोने और चांदी पर 3% जीएसटी और आभूषण बनाने के शुल्क पर 5% जीएसटी लागू रहेगा।
उदाहरण के लिए, अगर आप 1 लाख रुपये का सोना-चांदी खरीदते हैं, तो आपको लगभग 3,000 रुपये का जीएसटी देना होगा।साथ ही परिषद ने जीएसटी व्यवस्था में बड़े बदलाव को भी मंजूरी दी।
और फिर पहले की चार स्लैब की जगह अब केवल दो स्लैब – 5% और 18% – लागू होंगे। और फिर 12% और 28% की दरें हटा दी गई हैं।
और यह “जीएसटी 2.0” सुधारों का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य कर प्रणाली को सरल बनाना और उपभोग को बढ़ावा देना है।
और फिर वहीं, पराठे पर भी कर शून्य होगा जबकि अभी यह 18 प्रतिशत है।
और आम उपयोग के खाद्य और पेय पदार्थों, मक्खन और घी से लेकर सूखे मेवे, कंडेंस्ड दूध, पनीर, अंजीर, खजूर, एवोकाडो, खट्टे फल, सॉसेज और मांस, चीनी से बनी कन्फेशनरी, जैम और फलों की जेली, नारियल पानी, नमकीन, 20 लीटर की बोतल में पैक पेयजल, फलों का गूदा या रस, दूध, आइसक्रीम, पेस्ट्री और बिस्कुट, कॉर्न फ्लेक्स और अनाज युक्त पेय पदार्थ और चीनी से बनी मिठाइयों पर कर की दर को मौजूदा के 12 प्रतिशत या 18 प्रतिशत से घटाकर केवल पांच प्रतिशत किया जाएगा।
इसके अलावा ‘टूथ पाउडर’, दूध की बोतलें, रसोई के बर्तन, छाते, बर्तन, साइकिल, बांस के फर्नीचर और कंघी जैसी उपभोक्ता वस्तुओं पर कर की दर 12 प्रतिशत से घटकर पांच प्रतिशत किया गया है।
और फिर शैम्पू, टैल्कम पाउडर, टूथपेस्ट, टूथब्रश, फेस पाउडर, साबुन और हेयर ऑयल पर कर की दरें 18 प्रतिशत से घटाकर पांच प्रतिशत ही कर दी गई हैं।