न्यूज़लिंक हिंदी। माफिया मुख्तार अंसारी के बेटे उमर अंसारी को होईकोर्ट से लगा बड़ा झटका ,कोर्ट ने भड़काऊ बयानबाजी मामले में अग्रिम जमानत याचिका को खारिज कर दी है। विधानसभा चुनाव के दौरान मऊ में मुकदमा दर्ज हुआ था। खुद को निर्दोष बताते हुए उमर अंसारी ने कोर्ट से गुहार लगाई थी। हाईकोर्ट ने मामले में अग्रिम जमानत देने से पूर्ण रूप से इनकार कर दिया है।
विधानसभा चुनाव के दौरान अब्बास अंसारी ने भड़काऊ बयान दिया था। इस मामले में मऊ कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया गया था। मुकदमे में अब्बास के भाई उमर अंसारी को भी आरोपी बनाया गया। मामला मऊ जिले का है। अभियोजन के अनुसार एसआई गंगाराम बिंद की तहरीर पर शहर कोतवाली में मुकदमा दर्ज हुआ था।
इसमें सदर विधायक अब्बास अंसारी और उमर अंसारी और मंसूर को आरोपी बनाया गया। इसमें आरोप था कि तीन मार्च 22 को विधानसभा चुनाव के प्रचार के दौरान सुभासपा प्रत्याशी अब्बास अंसारी ने जनसभा की।
इसमें मंच से अब्बास अंसारी और उमर अंसारी के द्वारा चुनाव के बाद अधिकारियों की ट्रांसफर पोस्टिंग रोकने और उनका हिसाब-किताब करने संबंधी बयान दिया गया था। जब यह बयान अब्बास अंसारी के द्वारा मंच से दिया जा रहा था तब मंच पर उमर अंसारी भी मौजूद था।
इस मामले में एक वीडियो भी वायरल हुआ था जिसमें माफिया मुख्तार के बेटे भड़काऊ बयानबाजी करते दिखे। बाद में वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने इस पूरे मामले को संज्ञान में लेकर मऊ नगर कोतवाली में अब्बास अंसारी उसके छोटे भाई उमर अंसारी सहित अन्य के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया गया था।

