पहले चरण की अधिकांश सीटों पर दिलचस्प हुआ मुकाबला,जानिए एनडीए बनाम इंडिया का दिलचस्प मुकबला

0
287

न्यूज़लिंक हिंदी। पहले चरण में सहारनपुर, कैराना, मुजफ्फरनगर, बिजनौर, नगीना, मुरादाबाद, रामपुर और पीलीभीत में शुक्रवार को शांतिपूर्ण ढंग से मतदान पूर्ण हो चूका हैं। रामपुर में भाजपा प्रत्याशी घनश्याम सिंह लोधी और सपा प्रत्याशी मौलाना मोहिब्बुल्लाह नदवी के बीच सीधा मुकाबला होता दिखा। पिछले चुनाव की तरह ही यहां वोटों का ध्रुवीकरण अहम फैक्टर रहा।

मुरादाबाद लोकसभा सीट पर भाजपा प्रत्याशी सर्वेश सिंह और सपा उम्मीदवार रुचि वीरा के बीच सीधी टक्कर देखने को मिली। यहां बसपा का प्रदर्शन चुनावी नतीजों पर पूर्ण रूप से असर डाल सकता है। नगर पंचायत इलाकों में सपा और ग्रामीण इलाकों में भाजपा ने अच्छा प्रदर्शन किया। मुरादाबाद शहर में सपा और भाजपा प्रत्याशियों के बीच कांटे की टक्कर दिखी।

सहारनपुर, मुजफ्फरनगर और कैराना के बीच में कांटे की लड़ाई
सहारनपुर लोकसभा सीट पर भाजपा प्रत्याशी राघव लखनपाल और कांग्रेस प्रत्याशी इमरान मसूद के बीच सीधा मुकाबला दिखा। हिंदू-मुस्लिम ध्रुवीकरण से चुनाव परिणाम पर असर पड़ना तय माना जा रहा है। वहीं, कैराना लोकसभा सीट पर भाजपा के प्रदीप चौधरी और सपा की इकरा हसन के बीच मुकाबला महत्वपूर्ण रहा। बसपा प्रत्याशी श्रीपाल राणा का प्रदर्शन चुनावी नतीजे पर असर डाल सकता है। इस सीट पर क्षत्रिय समाज की नाराजगी का असर भी दिखाई दिया।

बिजनौर में सेंधमारी से मुकाबला और भी रोचक
बिजनौर लोकसभा क्षेत्र में एक-दूसरे के काडर वोट में हुई सेंधमारी से मुकाबला रोचक हो गया। जहां बसपा ने मुस्लिमों में सेंध लगाकर सपा को झटका दिया, वहीं भाजपा-रालोद गठबंधन के वोटबैंक माने जाने वाले सैनियों में सपा ने सेंध मारी। दलितों में रालोद की भी आंशिक सेंध दिखी। इस सीट पर मुख्य मुकाबला रालोद और सपा के बीच ही रहा।

पीलीभीत में जितिन और भगवत में मुकाबला
पीलीभीत लोकसभा सीट पर भाजपा के जितिन प्रसाद और सपा के भगवत सरन गंगवार के बीच सीधा मुकाबला रहा। बसपा के प्रत्याशी अनीस अहमद खां उर्फ फूल बाबू का प्रदर्शन जीत-हार के आंकड़े पर जरूर असर डालेगा। यहां सपा को कुर्मी मतदाताओं का समर्थन दिखा, तो मुस्लिम मतदाताओं में फूल बाबू ने भी सेंध लगाई।

नगीना में भाजपा-आसपा के बीच सीधी काटें की टक्कर

नगीना में करीब 45 प्रतिशत हिस्सेदारी रखने वाले मुस्लिम समाज में बिखराव नजर आया। कहीं सपा के पक्ष में मुस्लिम नजर आए, तो कहीं आजाद समाज पार्टी ने जमकर इस वोटबैंक में सेंध लगाई। आसपा के प्रत्याशी चंद्रशेखर ने दलित मतदाताओं में भी सेंध लगाई। भाजपा के काडर वोट त्यागी, जाट, राजपूत और कुछ पिछड़े वर्ग के मतदाता भी छिटकते हुए दिखे। त्यागी, जाट और राजपूतों में नाराजगी का आंशिक असर दिखाई दिया। इस सीट पर भाजपा के ओमकुमार और आसपा के चंद्रशेखर के बीच मुकाबला होता नजर आ रहा है।

चौबीसी में क्षत्रिय समाज दोफाड़, भाजपा के गढ़ में बिखरे नज़र आये वोट
क्षत्रिय समाज में नाराजगी का असर पहले चरण की वोटिंग में साफ नजर आया। सरधना विधानसभा क्षेत्र के चौबीसी का क्षत्रिय समाज पूरी तरह से दोफाड़ दिखा। जिन गांवों में भाजपा को एकतरफा वोट पड़ते थे, वहां बिखराव देखने को पूर्ण रूप से मिला। क्षत्रिय समाज के काफी वोटरों ने साइकिल का हैंडल थाम लिया। युवा जहां विरोध में उत्तेजित दिखे, वहीं बुजुर्गों और महिलाओं ने जरूर कुछ डैमेज कंट्रोल को पूर्ण किया।

दलित एकजुट होकर नजर आए
विधानसभा चुनाव में दलित समाज का रुख अलग था, तो लोकसभा में स्थिति एकदम उलट पलटी रही। अधिकतर गांवों में दलित समाज एकजुट नजर आया। उन्होंने साफ कहा कि चुनाव में किसी मुद्दे पर वोट नहीं कर रहे हैं। बल्कि अपनी पार्टी को मजबूत कर रहे हैं। इन इलाकों में हाथी खूब चिंघाड़ा। प्रजापति समाज ने भी अधिकतर जगहों पर हाथी की सवारी को पूर्ण की।

जाट-ब्राह्मण-गुर्जर, अति पिछड़े हुए दिखे एक साथ
सरधना विधानसभा क्षेत्र में कई समाज के लोग एक ही जगह नजर आए। जाट-ब्राह्मण, गुर्जर और अति पिछड़ों में थोड़ा बहुत ही बिखराव दिखा। अधिकतर जगहों पर एकमुश्त वोट पड़े।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here