भारत को अब इस युद्ध में अपने ब्रम्होस को जहां परखने का पूर्ण मौका मिला और उसने साबित भी किया कि वो सबसे शानदार सुपर सोनिक मिसाइल क्यों बना हुआ है। वहीं, पाकिस्तान से आए कई हथियार ने नए रिसर्च का दरवाजा भी खोला है।
और फिर ऐसी ही एक मिसाइल चीनी निर्मित PL-15E मिसाइल का मलबा भी है। हालांकि, इसे मलबा कहना ठीक नहीं है क्योंकि होशियार पुर से जो मिसाइल मिली है वो JF 10 लडाकू विमान से फायर तो हुई लेकिन डेटोनेट नहीं हो सकी इसके चलते वो मिसाइस सही सलामत भी मिल गई है।
अगर जानकारों की मानें तो भारत इस मिसाइल का रिवर्स इंजीनियरिंग करके चीन की तकनीक का तोड़ भी निकाल सकती है। और अमेरिका भी इस मिसाइल का पूर्ण अध्ययन करना चाहता, क्योंकि ये दुनिया की सबसे अत्याधुनिक मिसाइल मानी जाती है।
साथ ही पंजाब के होशियारपुर में चीनी निर्मित PL-15E बियॉन्ड विजुअल रेंज एयर-टू-एयर मिसाइल के लगभग पूर्ण मलबे को बरामद भी किया है। और यह तीसरा ऐसा मलबा है जो हाल के दिनों में बरामद किया गया है। साथ ही ये मिसाइल 145 km तक अपने लक्ष्य को भेद भी सकता है।