न्यूज़लिंक हिंदी। बिठूर थाना पुलिस महिला अपराधों के प्रति कितनी संवेदनहीन है इसका उदाहरण शनिवार दोपहर टिकरा चौकी परिसर में देखने को मिला। मां के साथ चौकी पहुंची 11वीं की छात्रा ने बताया कि दारोगा की डीपी लगे वाट्सएप नंबरों से उसके मोबाइल पर संदेश भेजकर चौकी आकर मिलने का दबाव डाला जा रहा है।
धमकी दी जा रही है कि उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज है, जिसकी जांच वह दारोगा कर रहा है। इस शिकायत पर टिकरा चौकी में तैनात दारोगा ने कार्रवाई के स्थान पर छात्रा से मोबाइल नंबर बदल देने की सलाह दी।
नाबालिग छात्रा शनिवार को मां के साथ टिकरा चौकी पहुंची। उसने बताया कि पिछले कुछ दिनों से कई नंबरों से उसके मोबाइल नंबर पर संदेश आ रहे हैं। सबसे पहले उसे यह जानकारी दी गई कि उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज है, इसलिए चौकी आकर मिलो।
किस चौकी में आना है, इसकी जानकारी नहीं दी। इसके दो तीन दिन बाद मैसेज आया कि उसके खिलाफ मुकदमे को उसने ठीक कर दिया है। वह उससे आकर मिले। इसके बाद मिलने के लिए दबाव डालने वाले संदेश कई मोबाइल नंबरों से आए।
खास बात यह है कि सभी वाट्सएप नंबर के डीपी में दारोगा की वर्दी पहने किसी युवक की फोटो लगी हुई है। छात्रा और उसकी मां लिखित प्रार्थना लेकर चौकी पहुंची पहले चौकी में मौजूद सिपाही रमेश को पूरी बात बताई। सिपाही ने छात्रा की मां के मोबाइल से तंग करने वाले युवक को फोन किया और पूछताछ की। सिपाही ने युवक का नाम और पता पूछा तो उसने फोन काट दिया।
पीड़ित मां का आरोप है कि जब फोन कट गया तो चौकी में तैनात एक दारोगा ने उन्हें सलाह दी कि वह अपने मोबाइल नंबर बदल ले। हालांकि जब मामला बढ़ा तो दारोगा आनन- फानन पीड़ित छात्रा के घर पहुंचे और आश्वासन दिया कि मामले में पूरी मदद की जाएगी। थाना प्रभारी अतुल कुमार सिंह ने बताया सूचना मिली है। मामले में कार्रवाई की जाएगी।

