न्यूज़लिंक हिंदी। इजरायली सेना अब लगातार हिज्बुल्लाह के ठिकानों को लगातार निशाना बना रही है। दूसरी और हिज्बुल्लाह के नेता हसन नसरल्लाह ने इन हमलों के लिए इजरायल के खिलाफ जवाबी कार्रवाई की कसम भी खाई है।
इजरायली हमलों के बाद हिज्बुल्लाह ने भी जवाबी हमला करते हुए इजरायल के आर्म्स फैक्ट्री पर बमबारी की है, लेबनान के आतंकी समूह हिज्बुल्लाह के अनुसार गाजा पट्टी में युद्ध शुरू होने के बाद से अबतक हिज्बुल्लाह के 419 सदस्यों की मौत हो चुकी है। जबकि हजारों की संख्या में हिज्बुल्लाह से जुड़े हजारों लोग घायल भी हुए हैं।
अमेरिका ने साल 1997 में हिज्बुल्लाह को एक विदेशी आतंकवादी संयुक्त रूप से संगठन घोषित किया था, अमेरिका की तरह है यूरोपीय संघ, अरब लीग और खाड़ी सहयोग परिषद सहित 60 से अधिक अन्य देश और संगठन भी हिज्बुल्लाह को आंशिक रूप से या पूर्ण तरह से आतंकवादी समूह घोषित कर चुके हैं।
इस समय हिज्बुल्लाह की कामान हसन नसरल्लाह के हाथ में है, हसन नसरल्लाह हिज्बुल्लाह के बहुत ही प्रमुख हैं। साल1992 से ये हिज़्बुल्लाह के विस्तार में लगे हुए हैं। इन्होंने ही इजरायल से बदला लेने का ऐलान भी किया था। हिज्बुल्लाह प्रमुख हसन नसरल्लाह ने 30 जुलाई को अपने सैन्य प्रमुख फुआद शुकर की हत्या के बाद इजरायल पर हमला करने का घोषण की थी।
जिसके बाद से ही हिज्बुल्लाह और इजरायल के बीच तनाव और भी ज्यादा बढ़ गया था, इजरायल लगातार हिज्बुल्लाह के लड़ाकों और ठिकानों को निशाना बनाने में लगा हुआ है। हसन नसरल्लाह के बाद नईम कासिम हिज़्बुल्लाह के दूसरे नंबर के नेता हैं। नईम कासिम हिज़्बुल्लाह के उप महासचिव हैं और इन्हें भी कई देशों ने आतंकवादी घोषित किया हुआ है।
हिज्बुल्लाह के उप महासचिव नईम कासिम ने भी इजरायल से बदला लेने की चेतावनी दी है और साथ ही कहा है कि इजरायल-हिजबुल्लाह युद्ध अब “नए फेज” में मुख्य रूप से प्रवेश कर गया है। इस तरह से इजरायल ने हिजबुल्लाह के उप प्रमुख तलाल हमियाह को भी एक हमले में मार भी गिराया था। तलाल हमियाह को भी अमेरिका ने आतंकवादी घोषित किया था और उसपर भी मोटा इनाम भी रखा गया था।
अपने इन दो बड़े नेताओं की मौत का बदला लेने की कसम हिज्बुल्लाह ने खाई है, इराक के हिज्बुल्लाह ब्रिगेड का एक सीनियर कमांडर अबू हैदर शुक्रवार को दमिश्क इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास एक संदिग्ध इजरायली ड्रोन हमले में मारा दिया गया था। यह हमला सुबह सैय्यदा जैनाब इलाके में एयरपोर्ट से सटी सड़क पर कमांडर के वाहन को निशाना बनाकर ही किया गया था।

