न्यूज़लिंक हिंदी। आजकल हमारे खान-पान, जीवनशैली और शारीरिक गतिविधियों की कमी के कारण बहुत से लोग गैस के दर्द से परेशान हैं। बच्चों को भी गैस की समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
खाना पचाने की प्रक्रिया में बहुत अधिक गैस बनती है, अगर यह बाहर न निकले तो पेट फूला हुआ महसूस होता है। खाना खाते समय कुछ हवा भी अंदर चली जाती है। बड़ी आंत द्वारा खाना पचाने के दौरान भी पेट में गैस बनती है। कई बार जब पेट में बहुत अधिक गैस बन जाती है तो पेट में दर्द, पेट फूलना, पेट भरा हुआ महसूस होता है, बहुत दर्द होता है मानो आंतें बंध गयी हों।
पेट फूलने के कई कारण होते हैं, मुख्य रूप से यह समस्या समय पर खाना न खाने, कार्बोनेटेड ड्रिंक्स पीने, स्ट्रॉ के माध्यम से ज्यादा ड्रिंक्स पीने से होती है। कुछ तरह के खाने से भी पेट फूलता है। इसके साथ ही, कुछ लोगों को दूध और दूध से बनी चीजें पसंद नहीं होती हैं। इनका सेवन करने से गैस की समस्या होती है। कब्ज की वजह से भी पेट में गैस बनती है।
गैस की समस्या वाले लोगों को खाना धीरे-धीरे चबाना और खाना चाहिए, जल्दी-जल्दी नहीं ,खाने की आदतों में भी बदलाव करें। कच्चा खाना बिल्कुल न खाएं। पुदीने की चाय पीने से अच्छे नतीजे मिलते हैं, खाते समय बिल्कुल बात न करें। ज्यादा पानी पिएं ,फाइबर युक्त खाद्य पदार्थों का सेवन ज्यादा करना चाहिए, इससे पाचन क्रिया सही होती है।
फीजी ड्रिंक्स और कार्बोनेटेड ड्रिंक्स का सेवन कम करना चाहिए, स्ट्रॉ से ड्रिंक्स का सेवन न करें। कुछ लोगों को ब्रोकली और हरी सब्जियां ठीक से नहीं पचती, ऐसे लोगों को इनसे दूर रहना चाहिए। च्युइंग गम और कुछ मिठाइयों में कृत्रिम चीनी होती है. ये गैस का कारण बनती हैं। रात में ठीक से न सोने से भी पेट फूल सकता है। इसलिए, रात को भरपूर नींद लेनी चाहिए। डॉ. टी. लक्ष्मीकांत सुझाव देते हैं कि शांत रहना चाहिए, तनाव और ज्यादा सोचने से पेट खराब हो सकता है।

