न्यूज़लिंक हिंदी, दिल्ली। गणतंत्र दिवस परेड में इस बार शक्ति और शौर्य का अद्भुत प्रदर्शन देखने को मिलेगा, बता दे कि इसमें महिला शक्ति अहम भूमिका निभा रही है। इसकी एक झलक मंगलवार को परेड की फुल ड्रेस रिहर्सल में दिखाई दी। अब 26 जनवरी को प्रदर्शन किया जाएगा।

पहली बार दिल्ली पुलिस की महिला जवान, सेना की महिला अधिकारियों और चिकित्सकीय सेवा से जुड़ीं महिला कर्मियों का दस्ता परेड करता नजर आया। इसी तरह सांस्कृतिक कार्यक्रम में पहली बार 1,500 महिला लोक नृत्य कलाकार अपने नृत्य से लोगों को तालियां बजाने पर मजबूर किया। बीएसएफ, सीआइएसफ और अन्य अर्धसैनिक बलों की महिला जवानों ने हैरतअंगेज करतब दिखाएं।
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वाद्य यंत्रों से लैस महिला दल
बता दे कि इस बार परेड की अगुवाई रक्षा मंत्रालय के दस्ते नहीं बल्कि शंख, नगाड़े, डमरू जैसे प्राचीन वाद्य यंत्रों से लैस सौ महिलाओं का एक दस्ता करेगा। इसके ठीक पीछे देशभर के अलग-अलग हिस्सों से 15 सौ से अधिक नृत्यांगनाओं का एक दल होगा। जो देश की विविधता से सभी जनों को परिचित कराएगा।
फुल ड्रेस रिहर्सल
26 जनवरी को गणतंत्र दिवस समारोह के बीच सुरक्षा के बहुत ही खास बंदोबस्त किए गए हैं। इस बार सबसे अधिक चौकसी बरती जा रही है। मंगलवार को कड़ी सुरक्षा के बीच कर्तव्य पथ से लेकर लाल किला तक फुल ड्रेस रिहर्सल कर गणतंत्र दिवस की तैयारी परखी गई।
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पुलिस अधिकारी का कहना है कि दिल्ली पुलिस पिछले एक माह से अधिक समय से रक्षा एवं गृह मंत्रालय समेत सभी केंद्रीय एजेंसियों व अर्धसैनिक बलों के साथ सुरक्षा तैयारी में जुटी है।

