रूस के कुरील द्वीप में तीन दिनों के भीतर ही तीसरी बार तेज भूकंप आया। और फिर इसी के साथ अफगानिस्तान में भी भूकंप आया।
और इन दोनों जगहों पर जानमाल के नुकसान की कोई खबर नहीं है।साथ ही राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र की रिपोर्ट के अनुसार शुक्रवार बीती रात करीब 12 बजे कुरील द्वीप के पूर्व में 6.2 तीव्रता का भूकंप आया।
और फिर इसके अनुसार भूकंप का केंद्र कुरील द्वीप समूह के पूर्व में 32 किलोमीटर की गहराई पर था। और फिर इस प्राकृतिक आपदा से किसी जानमाल के नुकसान की कोई खबर नहीं है।
और वहीं, मध्य और दक्षिण एशियाई देश अफगानिस्तान में शनिवार तड़के भूकंप आया। साथ ही रिक्टर पैमाने पर भूकंप की तीव्रता 5.5 मापी गई।
और फिर इस भूकंप से किसी जानमाल के नुकसान की कोई रिपोर्ट नहीं आयी है। और फिर राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र की रिपोर्ट के अनुसार अफगानिस्तान में शनिवार तड़के 2:33 बजे तेज भूकंप आया।
और फिर इसका केंद्र जमीन के नीचे 87 किलोमीटर की गहराई पर ही था। और फिर इसकी तीव्रता 5.5 मापी गई।
ये भी बता दें कि रूस के कुरील द्वीप में बुधवार को 8.8 तीव्रता का भीषण भूकंप आया था। और फिर इसे अब तक का छठा सबसे शक्तिशाली भूकंप कहा गया।
और फिर रूसी रिपोर्ट के मुताबिक इस प्राकृतिक आपदा में कोई हताहत भी नहीं हुआ। मिली जानकारी के अनुसार अमेरिकी भूगर्भीय सर्वेक्षण के आंकड़ों की रिपोर्ट में कहा गया कि इस भीषण भूकंप के बाद 125 आफ्टरशॉक भी आए।
साथ ही इसकी तीव्रता 4.4 या उससे अधिक थी। और इनमें से तीन झटके 6.0 या उससे अधिक तीव्रता के थे।
और फिर जिनमें सबसे शक्तिशाली 6.9 तीव्रता का था। साथ ही ये मुख्य झटके के लगभग 45 मिनट बाद आया।
और इस क्षेत्र में शक्तिशाली झटके आना जारी है। फिर बुधवार को सुबह 11 बजे से ठीक पहले कल आए भूकंप के मुख्य केन्द्र से लगभग 200 मील दक्षिण-पश्चिम में 6.4 तीव्रता का एक झटका भी आया।
और फिर जानकारों का कहना है कि आमतौर पर कम गहराई वाले भूकंप अधिक खतरनाक होते हैं।
और फिर ऐसा इसलिए क्योंकि भूकंप का केंद्र और जमीन की सतह की दूरी कम होती है इससे तरंगों के पहुंचने की दूरी भी कम होती है।
और फिर इसके विपरित अधिक गहराई में केंद्र होने पर नुकसान कम होता है क्योंकि तरंग उपर तक पहुंचने पर कम भी हो जाता है।