अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उभरते वैश्विक गठबंधन BRICS को लेकर एक बार फिर तीखा बयान भी दिया है।
और आगे उन्होंने चेतावनी दी कि यदि BRICS संगठित होकर कोई ठोस रूप लेता है, तो वह इसे तुरंत समाप्त कर देंगे। ट्रंप ने पहले भी BRICS देशों को कड़ी चेतावनी दी थी।
साथ ही शुक्रवार को अपने बयान में ट्रंप ने कहा, “अगर यह BRICS नाम का समूह वाकई कुछ बनने की कोशिश करेगा, तो मैं इसे फौरन खत्म कर दूंगा।
हम किसी को भी अमेरिका के साथ छेड़छाड़ की इजाजत बिल्कुल भी नहीं देंगे।” ट्रंप ने BRICS देशों पर 10% आयात शुल्क लगाने की धमकी दी है, जो उन देशों पर लागू होगी जो उनकी नजर में अमेरिका-विरोधी नीतियों का समर्थन भी करते हैं।
इस टैरिफ नीति की घोषणा उन्होंने जुलाई की शुरुआत में की थी। और इसके अलावा ट्रंप ने जोर देकर कहा कि वे अमेरिकी डॉलर की वैश्विक रिजर्व मुद्रा की स्थिति को किसी भी कीमत पर कमजोर नहीं होने देंगे।
साथ ही, उन्होंने केंद्रीय डिजिटल मुद्रा को अमेरिका में लागू करने के विचार को पूरी तरह खारिज कर दिया। ट्रंप ने आगे ये भी कहा, “मैं डिजिटल डॉलर को कभी स्वीकार नहीं करूंगा। यह अमेरिका की वित्तीय स्वतंत्रता को नष्ट कर देगा।”
और फिर इसके अलावा BRICS ने ट्रंप के आरोपों को सिरे से खारिज किया है। समूह का ये भी कहना है कि उसका मकसद विकासशील देशों को एक साझा मंच प्रदान करना है, न कि अमेरिका का विरोध करना।
साथ ही BRICS में ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका शामिल हैं। पिछले साल समूह ने ईरान और इंडोनेशिया जैसे नए सदस्यों को शामिल कर अपनी पहुंच बढ़ाई है।
और फिर ब्राजील में हुए BRICS शिखर सम्मेलन में नेताओं ने अप्रत्यक्ष रूप से अमेरिका की सैन्य और व्यापार नीतियों की आलोचना भी की थी।
ये भी बता दें कि ट्रंप ने ब्राजील के खिलाफ 50% आयात शुल्क लगाने की घोषणा भी की है, जो अगस्त 2025 से ही लागू होगा।
फिर इसके साथ ही, अमेरिका ने ब्राजील के व्यापार मॉडल की औपचारिक जांच भी शुरू की है, जिसे अनुचित भी करार दिया गया है।