न्यूज़लिंक हिंदी। वाराणसी के फूलपुर हैवानियत की हद पार, छह वर्षीय जिस मासूम के साथ दुष्कर्म हुआ है, उसकी हालत बहुत ही नाजुक बनी है। बीएचयू ट्रॉमा सेंटर में जब वह पहुंची थी तो खून से लथपथ थी और पूरी बदहवास स्थिति में थी। यहां डॉक्टरों की टीम उसका इलाज कर रही है।
बच्ची अस्पताल में भी डरी-सहमी सी है। जब भी उसको होश आ रहा है तो बेड से बार-बार उठकर बैठ जा रही है और अपनी मां को खोज रही है। वह घटना को याद कर रो भी रही है। हालांकि, मां-पिता के साथ ही उसके परिवार के अन्य सदस्य वार्ड में बाहर हैं। और बच्ची की सही होने की कामना कर रहे हैं।
परिजनों के अनुसार, मासूम की चीख पर उसके साथ मारपीट की गई और उसके कान की सोने की कील भी छीन ली गई। भोर में किसी तरह से मासूम घर पहुंची और परिजनों को आपबीती सुनाई तो सभी मुख्य रूप से सन्न रह गए।
परिजनों की सूचना पर डॉग स्क्वॉड और फॉरेंसिक एक्सपर्ट की टीम के साथ पुलिस पहुंची। प्रकरण में गांव के संदिग्ध गतिविधियों वाले नौ युवकों को हिरासत में लेकर पूछताछ भी की जा रही है।
फूलपुर थाना क्षेत्र के एक गांव की छह वर्षीय बालिका बुधवार की रात घर के बरामदे में अपनी दादी, बड़ी बहन और छोटे भाई के साथ सोई हुई थी। उसके दादा और पिता फसल की रखवाली के लिए खेत में सोये हुए थे। परिजनों के अनुसार खाना खाने के बाद रात लगभग 11 बजे परिवार के सभी सदस्य सो गए थे। उसके बाद मासूम को प्यास लगी तो वह घर के सामने हैंडपंप पर गई।
उसी दौरान एक नकाबपोश मासूम का मुंह दबाकर उसे उसके घर से लगभग 500 मीटर दूर सुनसान में स्थित एक स्कूल के समीप तालाब में मोका देख कर ले गया। वहां उसने मासूम के साथ दुष्कर्म किया। इसके बाद उसे उसके घर के पास लाकर छोड़ गया। भोर में तीन बजे मासूम को होश आया तो वह दर्द से कराहती हुई घर पहुंची और परिजनों को आपबीती सुनाई।
अपनी आपबीती सुनाते समय उसने कहा था कि वारदात के दौरान वह चीख रही थी तो नकाबपोश उसे तेजी से थप्पड़ मार कर उसके मुंह को अपने हाथ से दबा दे रहा था। आसपास कोई ऐसा नहीं था जो उसकी चीख सुन सके। और उस मासूम को बचा सके। वह बेहोश हो गई थी और जब होश में आई तो खुद को घर के समीप थी।

