संसद की सुरक्षा में सेंध का मास्टरमाइंड ललित झा कौन है? घटना के बाद से था फरार

संसद की सुरक्षा में चूक के मामले में मास्टरमाइंड ललित झा ने गुरुवार रात को दिल्ली पुलिस के सामने समर्पण कर दिया। इस बात की जानकारी दिल्ली पुलिस ने दी है।

0
240

न्यूज़लिंक हिंदी। संसद की सुरक्षा में चूक के मामले में मास्टरमाइंड ललित झा ने गुरुवार रात को दिल्ली पुलिस के सामने समर्पण कर दिया। इस बात की जानकारी दिल्ली पुलिस ने दी है। अधिकारियों ने बताया कि आरोपी ललित से पूछताछ की जा रही है। बता दें कि ललित घटना के बाद से ही फरार चल रहा था। ललित को इस घटना में मास्टर माइंड बताया जा रहा था और इसकी तलाश में पुलिस लगातार जगह-जगह छापे मार रही थी।

संसद सुरक्षा उल्लंघन मामले पुलिस ने इससे पहले पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन ललित के बारे में कहीं कोई सुराग नहीं मिल पा रहा था। इससे पहले खबर आई थी कि ये राजस्थान में कहीं छिपा बैठा है लेकिन इसने खुद की थाने में पहुंचकर खुद को पुलिस के हवाले कर दिया। बता दें कि कथित मास्टरमाइंड नीलाक्ष आइच द्वारा संचालित एक एनजीओ का महासचिव था।

ये भी पढ़े: Parliament: संसद हमले के मास्टरमाइंड के साथ TMC विधायक की फोटो वायरल, भाजपा ने लगाए गंभीर आरोप

डेढ़ साल पहले मैसूरु में मिले थे सभी आरोपी
पुलिस सूत्र के अनुसार, सभी आरोपी डेढ़ साल पहले मैसूरु में मिले थे। सागर लखनऊ से जुलाई में दिल्ली आया था, लेकिन संसद भवन में प्रवेश नहीं कर सका था। वहीं 10 दिसंबर को बाकी के आरोपी अपने-अपने राज्यों से दिल्ली पहुंचे। इंडिया गेट के पास वे इकट्ठा हुए जहां रंगीन पटाखे बांटे गए। पुलिस ने बताया कि गुप्त तरीके से आपत्तिजनक वस्तुओं को संसदभवन के अंदर ले जाया गया।

संसद परिसर से फरार होकर कहां गया था ललित, जानें
मनोरंजन डी और सागर शर्मा लोकसभा में जबकि नीलम वर्मा और अमोल शिंदे संसद परिसर में धुएं से दहशत फैला रहे थे, तब ललित झा संसद परिसर से ही लाइव स्ट्रीमिंग कर रहा था। मनोरंजन, सागर, नीलम और अमोल तो पकड़े गए, लेकिन ललित मौके से फरार हो गया। उसी के पास चारों के आईडी कार्ड और मोबाइल फोन थे। अंग्रेजी अखबार द इंडियन एक्सप्रेस के मुताबिक पुलिस के एक सूत्र ने कहा, ‘(बुधवार) रात करीब 11.30 बजे वह बस से कुचामन शहर पहुंचा, जहां वह अपने साथी महेश से मिला। वह भी इस समूह में शामिल होने वाला था, लेकिन अपनी मां के रोकने के बाद नहीं आ सका। महेश भी ललित और बाकियों के साथ ‘भगत सिंह फैन पेज’ फेसबुक ग्रुप के जरिए ही जुड़ा था।’

ये भी पढ़े: Bihar News :दामाद का दिल सास पर आ गया,अंधेरे में इश्क लड़ाते पति को पत्नी ने पकड़ा रंगेहाथ

इन धाराओं में दर्ज हुए मामले
आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता और गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। भारतीय दंड संहिता की धारा 120 बी, 453, 153, 186, 353 और यूएपीए की धारा 16 और 18 के तहत पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।

ललित की समर्पण से पहले पुलिस को हाथ लगा बड़ा सुराग
पुलिस कैलाश के फोन नंबर का पता लगाने में सफल रही और उसे गुरुवार दोपहर हिरासत में ले लिया। एक अधिकारी ने कहा, ‘कैलाश ने पुलिस को बताया कि महेश और ललित ट्रेन से जयपुर गया था और दिल्ली के लिए बस में बैठेंगे। पुलिस ने छापेमारी शुरू की। इस बीच संसद के पास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई। शाम को दोनों का लोकेशन दिल्ली के धौला कुआं ट्रेस हो गया। कुछ समय बाद दोनों आत्मसमर्पण करने के लिए कर्तव्य पथ पुलिस स्टेशन पहुंचे।’

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here