न्यूज़लिंक हिंदी। GST डिपार्टमेंट की ओर से जोमैटो को यह नोटिस 26 दिसंबर को भेजा गया, कंपनी ने BSE फाइलिंग में इस बात जानकारी दे दी है। हालांकि जोमैटो ने कहा है कि डिलिवरी चार्जेज पर वह किसी भी तरह के टैक्स देने के लिए कोई भी जिम्मेदार नहीं है।
क्योंकि कंपनी रेस्टोरेंट पार्टनर्स के लिए डिलीवरी चार्ज कलेक्ट करती है। कॉन्ट्रैक्चुअल टर्म और कंडीशन के मुताबिक डिलीवरी पार्टनर कस्टमर्स को यह डिलीवरी सर्विस देते हैं, ना कि कंपनी को। जोमैटो ने बताया है कि वह नोटिस का जवाब देने के लिए लीगल सलाह ले रही है।
इससे पहले नवंबर में भी फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म जोमैटो और स्विगी को डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ GST इंटेलिजेंस यानी DGGI की ओर से 750 करोड़ रुपए का प्री-डिमांड नोटिस भी मिल चुका है।
फूड डिलीवरी कंपनियां जोमैटो और स्विगी ने ऑर्डर पैटर्न पर हाल ही में अपनी रिपोर्ट जारी की है। इनके अनुसार, देश में 2023 में बिरयानी सबसे ज्यादा ऑर्डर की गई। खास बात यह है कि पिछले 8 सालों में बिरयानी भारत में सबसे ज्यादा ऑर्डर की जाने वाली बेहतरीन डिश है।
जोमैटो के अनुसार, 2023 में 10.09 करोड़ ऑर्डर के साथ बिरयानी प्लेटफॉर्म पर सबसे ज्यादा ऑर्डर की जाने वाले डिश की लिस्ट में सबसे आगे रही। वहीं, पिज्जा 7.45 करोड़ ऑर्डर के साथ दूसरे और नूडल बाउल 4.55 करोड़ ऑर्डर के साथ तीसरे नंबर पर ही रहा।
जोमैटो ने बताया कि बिरयानी के इतने ऑर्डर से दिल्ली के 8 कुतुब मीनार भी भर सकते हैं। वहीं पिज्जा की बात करें तो उनकी संख्या इतनी ज्यादा है कि वह कोलकाता के ईडन गार्डन क्रिकेट स्टेडियम जितने बड़े 5 स्टेडियम को पूर्ण रूप से ढक सकते हैं। इसके अलावा, नूडल की बात करें तो ये इतने ज्यादा थे कि अगर सबको लाइन में लगा दिया जाए तो धरती के 22 चक्कर भी कम पढ़ सकते हैं।
जोमैटो ने ये भी कहा है कि वह नोटिस का जवाब देने के लिए लीगल सलाह ले रही है,और डिलिवरी चार्जेज पर वह किसी भी तरह के टैक्स देने के लिए कोई भी जिम्मेदार नहीं है।

