ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अली खामेनेई को 9 जुलाई को ही दफनाया जाएगा। फिर उनकी मौत के 4 महीने से भी ज्यादा बीत जाने के बाद अब जाकर उन्हें दफनाया जाएगा।
फिर इससे पहले 5 दिन तक कई कार्यक्रम होंगे और आखिरकार 9 जुलाई को उन्हें उनके अपने शहर में दफनाया जाएगा।
साथ ही अली खामेनेई की मौत 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के हमले में हो गई थी।
और फिर इस हमले में खामेनेई की बेटी, दामाद और पोती की भी मौत हो गई थी। फिर कई टॉप लीडर भी इस हमले में मारे गए थे।
और फिर शुरुआत में ईरान ने कहा था कि अली खामेनेई को 4 मार्च को दफनाया जाएगा। लेकिन जंग के कारण इसे टाल भी दिया गया।
फिर इस्लामिक कानूनों के मुताबिक, मौत के बाद 24 घंटे के भीतर शव को दफना भी दिया जाता है। हालांकि, कुछ मामलों में इसमें देरी भी हो सकती है।
और ईरान मुहर्रम की शुरुआत में तीन दिन का जनाजा आयोजित करने की योजना भी बना रहा था। फिर मुहर्रम जून की आखरी में ही था।
हालांकि, बाद में तेहरान के मेयर अलीरेजा जकानी ने ये भी कहा कि इस कार्यक्रम को मुहर्रम के शुरुआती 10 दिनों के बाद तक के लिए टाल दिया गया है, ताकि लोग इमाम हुसैन का शोक पूरा भी कर सकें।
और फिर बाद में ईरान ने 13 जून को ये भी ऐलान किया था कि 9 जुलाई को अली खामेनेई को दफनाया जाएगा। फिर इससे पहले 5 दिन का कार्यक्रम भी होगा।