हाराजपुर थाना पुलिस ने चेकिंग के दौरान मेडिकल स्टोर संचालक को पकड़ा। फिर उसके पास से तीन पिस्टल बरामद हुई।
और फिर आरोपित ने पुलिस को बताया कि वह मध्य प्रदेश के खंडवा से 30 हजार रुपये में पिस्टल लाकर लोगों को 50 हजार में बेचता है।
फिर पिस्टल लाने के लिए वह कभी बस से जाता तो कभी बाइक से ही निकल जाता था। और पुलिस ने मंगलवार को आरोपित को जेल भेजा है।
साथ ही डीसीपी पूर्वी सत्यजीत गुप्ता ने ये भी बताया कि आरोपित फतेहपुर के कोतवाली थाना क्षेत्र के छोटी बाजार निवासी मो. अजीम खान है।
फिर वह मेडिकल स्टोर संचालक भी है। और पूछताछ में उसने बताया कि उसने बायोलाजी से बीएससी किया है। मेडिकल स्टोर ज्यादा न चलने से वह चोरियां करने लगा।
फिर उसके खिलाफ वर्ष 2020 में फतेहपुर कोतवाली में चोरी के ही तीन मुकदमे दर्ज हैं। और चौथा मुकदमा उसी वर्ष गैंग्सटर की धारा में भी दर्ज हुआ था, जिसमें उसे जेल भेजा गया था।
फिर जहां जेल में उसकी मुलाकात एक आरोपित प्रशांत से हुई थी। और वह पिस्टल के साथ पकड़े जाने के आराेप में जेल आया था।
इसके साथ ही अजीम ने बताया कि वह प्रशांत से पिस्टल लाने के लिए कभी बस तो कभी बाइक से ही खंडवा चला जाता था, जिससे जल्दी पुलिस शक नहीं कर पाती थी।
और फिर जेल से छूटने के बाद से अब तक वह ज्यादा नहीं बस आठ-10 पिस्टल ही बेच पाया है। फिर तीन पिस्टल और लाए थ, लेकिन पुलिस ने दबोच लिया।
इसके अलावा डीसीपी पूर्वी ने बताया कि प्रशांत का अपराधिक इतिहास खंगाला भी जा रहा है। फिर इसके साथ ही गिरोह में कौन-कौन लोग शामिल हैं।
और फिर इसके साथ ही कोर्ट से अनुमति लेकर अजीम के बयान दर्ज करेंगे। फिर जिससे उसने अब तक किन-किन लोगों को पिस्टल बेची है।
और उनके बारे में जानकारी कर गिरोह के नेटवर्क पता लगा अन्य आरोपितों को पकड़ा भी जा सके।