Lohri 2024: आखिर कब और क्यों मनाई जाती है लोहड़ी? जानें इस पर्व से जुड़ी मान्यताएं

बता दे कि देशभर में हर साल मकर संक्रांति से एक दिन पहले शाम को धूमधाम से लोहड़ी का त्योहार मनाते हैं। इस दिन अग्नि के चारों ओर खड़े होकर लोकगीत गाए जाते हैं।

0
331

न्यूज़लिंक हिंदी। साल का सबसे पहला पर्व है लोहड़ी। यह उत्तर भारत के प्रमुख पर्वों में से एक है, जिसे आमतौर पर पंजाब और हरियाणा में मुख्य रूप से मनाते हैं। बता दे कि देशभर में हर साल मकर संक्रांति से एक दिन पहले शाम को धूमधाम से लोहड़ी का त्योहार मनाते हैं। इस दिन अग्नि के चारों ओर खड़े होकर लोकगीत गाए जाते हैं। तो एक तरफ नए धान के साथ खील, मक्का, गुड़, और मूंगफली को अग्नि में अर्पित किया जाता है।

इसके साथ ही अग्नि की सब परिक्रमा करते हैं। ये त्योहार मुख्य रूप से फसल से जुड़ा है, जो सिख लोग फसल पकने की खुशी में मनाते हैं। इसकी कुछ पौराणिक मान्यताएं हैं। आइए जानते हैं लोहड़ी क्यों मनाई जाती है।

आपको बता दे कि हर साल लोहड़ी का पर्व मकर संक्रांति से एक दिन पहले होता है। इस साल मकर संक्रांति 15 जनवरी को है और लोहड़ी 14 जनवरी को मनाई जा रही है।

जानें क्यों मनाई जाती है लोहड़ी
लोहड़ी मनाने को लेकर बहुत सारी मान्यताएं हैं। एक पौराणिक मान्यता है जोकि प्रजापति दक्ष और उनकी पुत्री सती से जुड़ी है। राजा दक्ष ने भगवान शिव का तिरस्कार करते हुए उन्हें यज्ञ में शामिल नहीं किया तो पति की उपेक्षा देखकर माता सती ने उसी अग्निकुंड में प्राणों की आहुति दे दी। मान्यता है कि तब से प्राश्चित स्वरूप लोहड़ी का त्योहार मनाते हैं। इसी कारण लोहड़ी के मौके पर विवाहित कन्याओं को घर पर आमंत्रित करके उनका सम्मान किया जाता है।

ये भी पढ़ें :क्रिकेट में सट्टा लगाने की लत में बैंक मैनेजर ने खाताधारकों के18 लाख रुपये गबन कर हुआ फरार, कोलकाता में हुआ गिरफ्तार

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here