अब योगी सरकार ने उठाया कठोर कदम, खाने-पीने के सामान में थूक और गंदगी मिलाने वालों की अब आएगी सामत

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न्यूज़लिंक हिंदी। अब योगी सरकार ने उठाया कठोर कदम, पिछले कुछ दिनों में जूस में यूरिन मिलाने, मांस के टुकड़े मिलाने, रोटी में थूक लगाने जैसी कई घटनाएं प्रदेश में सामने आई थीं।

वीडियो वायरल होने के बाद योगी आदित्यनाथ सरकार ने कार्रवाई भी की थी, ऐसी घटनाओं को रोकने को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को एक महत्वपूर्ण बैठक की। जिसमें हाल के दिनों में जूस, दाल और रोटी जैसी खान-पान की वस्तुओं में मानव अपशिष्ट और गंदी चीजों की मिलावट पर स्थायी रोक लगाने के लिए प्रस्तावित नए कानून पर विमर्श किया गया।

बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसी घटनाएं वीभत्स हैं और यह सामाजिक सौहार्द पर भी प्रतिकूल प्रभाव डालती हैं। ऐसे कुत्सित प्रयास कतई स्वीकार नहीं किया जा सकते हैं। सीएम ने कहा कि खाद्य पदार्थों की पवित्रता सुनिश्चित करने और सार्वजनिक व्यवस्था के बारे में उपभोक्ताओं में विश्वास बनाए रखने की महत्ता के दृष्टिगत कठोर कानून बनाया जाना बहुत ही आवश्यक है।

अधिकारियों से ये भी कहा कि होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा, स्ट्रीट वेंडर से जुड़ी इन गतिविधियों के संबंध में स्पष्ट कानून तैयार करें, कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कारावास और अर्थदंड की सजा सुनिश्चित होनी चाहिए। ऐसे अपराध को संज्ञेय और गैरजमानतीय मानते हुए कार्रवाई की जानी चाहिए।

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए हैं कि पहचान छिपा कर असामाजिक तत्वों को खान-पान की वस्तुओं एवं पेय पदार्थ में मानव अपशिष्ट, अखाद्य, गंदी चीजों की मिलावट में रोकने की एक भी गतिविधि न हो, इसे कानून के माध्यम से सुनिश्चित भी करना होगा। ऐसी असामाजिक गतिविधियों पर कड़ाई से लगाम लगाया जाना चाहिए।

हर उपभोक्ता को यह अधिकार हो कि वह खाद्य एवं पेय पदार्थों के विक्रेता तथा सेवा प्रदाताओं के बारे में आवश्यक जानकारी रख सके, इसके लिए विक्रेता द्वारा प्रतिष्ठान पर साइन बोर्ड लगाना अनिवार्य हो। प्रतिष्ठान में काम करने वाले सभी कार्मिकों को पहचान पत्र धारण करना अनिवार्य हो। छद्म नाम रखने, गलत जानकारी देने वालों के विरुद्ध कठोरतम सजा का प्रावधान होना चाहिए।

अधिकारियों को दिए गए निर्देश में योगी ने कहा कि प्रत्येक खाद्य प्रतिष्ठान द्वारा यह सुनिश्चित किया जाए कि उसके प्रतिष्ठान में कोई भी भोजन बिल्कुल भी दूषित न हो। खाद्य प्रतिष्ठानों के रसोईघर एवं भोजन कक्ष में सतत निगरानी के लिए पर्याप्त संख्या में सीसीटीवी कैमरे लगाना अनिवार्य हो, जिसकी न्यूनतम एक माह की फुटेज जिला प्रशासन द्वारा मांगे जाने पर हर समय उपलब्ध भी कराई जाए।

इसके साथ ही रसोईघर में भोजन पकाते समय और भोजन प्रतिष्ठान में उसे परोसते समय सिर ठकना, मास्क पहनना और दस्ताने पहनना अनिवार्य होना चाहिए। कारोबारी द्वारा प्रतिष्ठान में कार्यरत कार्मिकों का विवरण सम्बंधित धाने को उपलब्ध कराया जाना चाहिए।

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