Gyanvapi Case: व्यास जी तहखाने मामले में अदालत आज सुनाएगी आदेश, जानें क्या मंदिर पक्ष को मिलेगी पूजा-पाठ की अनुमति!

व्यास जी के तहखाना को जिलाधिकारी को सौंपने व उसमें हिन्दू धर्म के अनुसार पूजा-पाठ का अधिकारी देने की मांग को लेकर पं. सोमनाथ व्यास के नाती शैलेंद्र पाठक की ओर से दाखिल मुकदमे में जिला जज डा. अजय कृष्ण विश्वेश ने मंगलवार को आदेश सुरक्षित रख लिया है।

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न्यूज़लिंक हिंदी, वाराणसी। व्यास जी के तहखाना को जिलाधिकारी को सौंपने व उसमें हिन्दू धर्म के अनुसार पूजा-पाठ का अधिकारी देने की मांग को लेकर पं. सोमनाथ व्यास के नाती शैलेंद्र पाठक की ओर से दाखिल मुकदमे में जिला जज डा. अजय कृष्ण विश्वेश ने मंगलवार को आदेश सुरक्षित रख लिया है। पहले सुनवाई के दौरान वादी व प्रतिवादी अंजुमन इंतेजामिया मसाजिद ने अपनी-अपनी दलीलें दीं। बता दे की बहस के बाद अदालत ने आदेश के लिए आज यानी बुधवार का दिन दिया है।

हमारी दूसरी मांग है कि ….
शैलेंद्र पाठक के वकील विष्णु शंकर जैन, सुधीर त्रिपाठी, सुभाष नंदन चतुर्वेदी, दीपक सिंह ने कहा कि व्यास जी का तहखाना जिलाधिकारी को सौंपने की मांग स्वीकार की जा चुकी है। हमारी दूसरी मांग है कि श्रीकाशी विश्वनाथ धाम स्थित नंदी जी के सामने बैरिकेडिंग खोली जाए और व्यास जी के तहखाने में पूजा-पाठ के लिए आने-जाने की अनुमति दी जाए।

पूजा-पाठ की अनुमति न दी जाए
इस केस पर अंजुमन इंतेजामिया मसाजिद के वकील मुमताज अहमद व एखलाक अहमद ने नाराजगी जताते हुए कहा कि यह वाद प्लेसेज आफ वर्शिप एक्ट 1991 से बाधित है। लिहाजा मुकदमा सुनवाई योग्य नहीं है। तहखाना मस्जिद का हिस्सा है, जो वक्फ बोर्ड की संपत्ति है। इसलिए पूजा-पाठ की अनुमति न दी जाए। यह भी कहा कि एक प्रार्थना पर आदेश हो जाने के बाद दूसरी बार आदेश नहीं दिया जा सकता है।

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