कानपुर के सेनपश्चिम पारा के कुंजविहार में अकेलेपन और बीमारी से परेशान सेवानिवृत्त दरोगा ने सोमवार सुबह फंदे से लटककर जान दे दी।
काफी देर तक जब कमरे से बाहर नहीं आए तो पत्नी देखने पहुंची। शव लटका देख उनकी चीख निकल गई। सूचना पर पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने मामले की जांच भी की।
साथ ही जनपद महोबा से राजेंद्र कुमार पाल वर्ष 2012 में दरोगा से सेवानिवृत हुए थे। और फिर परिवार में पत्नी रामश्री व दो बेटे अरविंद और संजय हैं।
और अरविंद सेना में सूबेदार पद पर बेंगलुरु में तैनात है, जबकि संजय पाल जालौन में इंटेलीजेंस में है। इसके अलावा बेटे संजय ने बताया कि मां रामश्री गठिया की बीमारी से परेशान रहती है। उन्हें चलने में दिक्कत होती है।
और वहीं, पिता भी मधुमेह की बीमारी की वजह से परेशान रहते थे। सेनपश्चिम पारा थाना प्रभारी कुशल पाल सिंह ने बताया कि सोमवार सुबह करीब 11:30 बजे राजेंद्र कुमार पाल ने कमरे में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।
और फिर पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी। दंपती अकेले रहता था और उनपर बीमारी भी उन पर हावी भी थी।