हमास का अब कहना है कि उसने अमेरिका की मध्यस्थता वाले युद्धविराम समझौते की शर्तों के तहत दो और इसराइली बंधकों के शव को सौंप दिए हैं।
फिर वहीं बाकी बंधकों के शव निकालने के लिए और समय भी मांगा है। साथ ही हमास की सशस्त्र शाखा ने कहा है कि बाकी बंधकों के शव तलाशने और निकालने के लिए उसे खास उपकरणों की ज़रूरत भी है।
और फिर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ये भी कहा है कि अगर हमास समझौते का पालन नहीं करता है तो इसराइली सेना ग़ज़ा में लड़ाई फिर से शुरू भी कर सकती है।
इसके अलावा इसराइल के प्रधानमंत्री कार्यालय ने एक बयान में ये भी कहा कि उसे रेड क्रॉस से बंधकों के शवों वाले ताबूत मिले हैं, जिनकी आधिकारिक पहचान की प्रक्रिया अभी जारी है।
और आगे बयान में कहा गया है, आईडीएफ़ की जनता से अपील है कि वह संवेदनशीलता बरतें और आधिकारिक पहचान का पूर्ण इंतज़ार करें, जिसकी सूचना सबसे पहले मृतक बंधकों के परिवारों को ही दी जाएगी।
और साथ ही ग़ज़ा शांति योजना के पहले चरण के तहत हमास को कुल 28 बंधकों के शव लौटाने भी हैं।
और अगर बुधवार रात लौटाए गए दोनों शवों की पहचान इसराइली बंधकों के तौर पर होती है तो हमास की ओर से लौटाए गए कुल बंधकों के शवों की संख्या लगभग नौ हो जाएगी।