न्यूज़लिंक हिंदी। वाहन चालकों की हड़ताल मंगलवार को ही खत्म हो चुकी है लेकिन कलक्टरगंज स्थित सीपीसी माल गोदाम से चार दिन से 291 ट्रक माल नहीं उठा पा रहे हैं। सीपीसी मालगोदाम में माल लाने और यहां से माल ले जाने के लिए ट्रकों को छह-छह माह के पास मिलते हैं। यातायात पुलिस यह पास पूर्ण रूप से जारी करती है। यहां के 291 ट्रकों को पास मिलते हैं।
वाहन चालकों की दो दिन की हड़ताल मंगलवार को खत्म हो चुकी है लेकिन कलक्टरगंज स्थित सीपीसी माल गोदाम से चार दिन से 291 ट्रक माल नहीं उठा पा रहे हैं। इन ट्रकों का शहर के अंदर चलने के छह माह के पास 31 दिसंबर को खत्म हो चुके हैं और यातायात विभाग ने इनका अब तक नवीनीकरण नहीं किया है।
इसकी वजह से रोज 50 लाख रुपये के भाड़े का नुकसान हो रहा है, वहीं 20 करोड़ रुपये का माल सीपीसी माल गोदाम में ही फंसा हुआ है। अभी यहां चार मालगाड़ी से और माल आ रहा है। इसके लिए इनकी ट्रक यूनियन की तरफ से 11 दिसंबर को डीसीपी यातायात सलमान ताज पाटिल को सभी ट्रकों के नंबर के साथ नवीनीकरण के लिए प्रार्थनापत्र भेज भी दिया गया था।
31 दिसंबर गुजर गई और किसी का नवीनीकरण नहीं हुआ। इसके चलते ये ट्रक शहर में नहीं चल पा रहे। इससे न तो गोदाम में माल आ रहा है और न ही वहां से निकल पा रहा है। इन चार दिनों में छह मालगाड़ियां आ चुकी हैं। यहां चार मालगाड़ी आने वाली हैं।
गुरुवार को यहां के प्लेटफार्म पर साढ़े तीन लाख बोरी सीमेंट और बाकी माल भी पड़ा था। बारिश होने की वजह से सीमेंट भीगने से खराब भी हो रही है। गुरुवार को ट्रक चालक रेलवे के डिप्टी सीटीएम आशुतोष सिंह से मिले और समस्या बताई कि पास का नवीनीकरण न होने की वजह से वे माल नहीं उठा पा रहे हैं।जिस से काफी नुकसान हो रगा हैं।
इस पर डिप्टी सीटीएम ने डीसीपी यातायात को पत्र लिख ट्रक चालकों की समस्या को जल्द हल कराने के लिए कहा। जल्दी ही पास जारी हो जाएंगे। वहीं व्यापारियों ने बताया कि मालगाड़ी के एक डिब्बे पर 150 रुपये प्रति घंटा की दर से रेलवे स्थान शुल्क भी देना पड़ता है। इससे व्यापारियों को नुकसान हो रहा है। एक मालगाड़ी में 2700 टन माल आता है। शुक्रवार को खाद,नमक की दो और मालगाड़ी भी आ रही हैं।

